विषय: मसीह में बने रहना

 तुम मुझ में बने रहो, और मैं तुम में: जैसे डाली यदि दाखलता में बनी न रहे, तो अपने आप से नहीं फल सकती, वैसे ही तुम भी यदि मुझ में बने न रहो तो नहीं फल सकते। 
यूहन्ना 15:4
5 मैं दाखलता हूं: तुम डालियां हो; जो मुझ में बना रहता है, और मैं उस में, वह बहुत फल फलता है, क्योंकि मुझ से अलग होकर तुम कुछ भी नहीं कर सकते। 
यूहन्ना 15:5

मसीह में मेरे प्रिय भाई और बहनो वचन कहता हैं कि जैसे एक डाली अगर दाखलता मे बनी रहती हैं तभी उसमे फल लगता हैं, वह फलवन्त होता हैं। अगर वह उससे अलग हो जाये तो वह अपने आप से फल नही ला सकती हैं।
जब हम आज प्रभु के पीछे चलते हैं तो हमे चाहिए कि हम उसमे बने रहे और बने रहने के लिए हमे प्रतिदिन उसके साथ समय बिताना हैं।
अगर हम #अय्यूब की पुस्तक को पढ़ेंगे तो उसमें पाएंगे कि अय्यूब का भरोसा परमेश्वर पर था, उसके पास किसी भी बात की कमी नही थी और उसका पूरा परिवार, धन, सब कुछ जो भी उसके पास था खत्म हो जाता हैं। उसका शरीर भी दुर्बल हो जाता हैं पर वह फिर भी परमेश्वर को नही छोड़ता और हम देखते हैं कि परमेश्वर ने उसे जितना भी उसके पास था उसकी दुगनी आशीष दी।
आज जब हम सभी अपने घरों में हैं हम एक जगह मिलकर आराधना नही कर सकते पर आज हमारे पास मौका हैं कि हम इस विषय पर ध्यान दे और ध्यान दे कि हमारे साथ हमारा पूरा परिवार भी परमेश्वर में बना रहे।

परमेश्वर आप सभी को आशीष करे।
सभी को जय मसीह की।

Comments

Popular posts from this blog

विषय:- आराधना।